साहित्य अकादमी का एलजीबीटीक्यू लेखक सम्मेलन – हमारी संस्कृति पर आक्रमण

भारत की सर्वोच्च साहित्यिक संस्थाओं में से एक, साहित्य अकादमी द्वारा LGBTQ लेखक सम्मेलन का आयोजन एक गहरे वैचारिक विमर्श और टकराव का संकेत है। […]

धर्मांतरण और अनुसूचित जाति का दर्जा: कानून, समाज और न्याय का जटिल संवाद

भारतीय लोकतंत्र की सबसे बड़ी विशेषता उसका संविधान है, एक ऐसा जीवंत दस्तावेज, जो समानता, स्वतंत्रता और सामाजिक न्याय के सिद्धांतों पर टिका है। लेकिन […]

श्री महावीर जयंती: जीवन जीने की कला और आज की आवश्यकता

भारत की आध्यात्मिक परंपरा में महावीर स्वामी का स्थान अत्यंत ऊँचा है। उनका जीवन केवल धर्म तक सीमित नहीं, बल्कि “जीवन जीने की कला” का […]

संक्रमणकालीन विश्व व्यवस्था और भारत: वर्चस्व से ‘वसुधैव कुटुंबकम’ तक

21वीं सदी का वर्तमान दौर केवल घटनाओं का सिलसिला नहीं, बल्कि एक गहरा वैश्विक परिवर्तन (Global Transformation) है। यह समय शक्तियों के संघर्ष का है, […]

संघर्ष से सफलता तक: योगेश ने बनाई देश के टॉप-20 किसानों में जगह

नरसिंहपुर (मध्य प्रदेश):कभी साधारण खेती से अपनी आजीविका चलाने वाले नरसिंहपुर जिले के किसान योगेश आज देशभर में पहचान बना चुके हैं। अपनी लगन, मेहनत […]

वैश्विक संकट में भारत की दृढ़ रणनीति: ईरान युद्ध, हार्मुज संकट और ऊर्जा सुरक्षा की नई दिशा

नई दिल्ली, मार्च 2026 की शुरुआत से विश्व एक अभूतपूर्व संकट से जूझ रहा है। अमेरिका और इजराइल के संयुक्त सैन्य अभियानों ने ईरान में […]

सुप्रीम कोर्ट अनुसूचित जाति आरक्षण निर्णय

जनजातीय बिना अधूरा है पर अच्छा है सुको का यह निर्णयभारतीय सर्वोच्च न्यायालय ने अनुसूचित जाति के संदर्भ में अत्यंत ही महत्वपूर्ण निर्णय दिया है। […]

लोकनायक श्रीराम

कालचक्र की गति तेज है. वह घूम रहा है. घूमते – घूमते पीछे जा रहा है. बहुत पीछे. इतिहास के पृष्ठ फड़फड़ाते हुए हमें ले […]

नवरात्रि: केवल उत्सव नहीं, भीतर की शक्ति के जागरण का पावन समय

भारत की सांस्कृतिक परंपराओं में नवरात्रि का विशेष स्थान है। यह केवल नौ दिनों का एक धार्मिक उत्सव भर नहीं है, बल्कि यह आत्मचिंतन, साधना […]