पुस्तक परिचय – तीन संघ चालक

मराठी के प्रतिष्ठित लेखक डॉ. वि. रा. करंदीकर द्वारा रचित यह ग्रंथ, एक युगीन दस्तावेज है। इसका हिंदी अनुवाद डॉ. मोहन बांदे ने अत्यंत सरल, […]

मातृत्व, अनुशासन और राष्ट्रनिष्ठा की जीवंत प्रतिमा: वंदनीय प्रमिलताई मेढे

नागपुर के देवी अहिल्या मंदिर परिसर का वातावरण 31 जुलाई 2025 की सुबह गहन शोक और श्रद्धा से भर गया। राष्ट्र सेविका समिति की चतुर्थ […]

स्व के लिए पूर्णाहुति : कालजयी महारथी उधम सिंह

स्व के लिए लंदन में महारथी उधम सिंह के बलिदान अनकही गाथा बलिदान गाथाएँ हर युग और कालखंड में प्रासंगिक और मार्गदर्शी होती हैं।बलिदान गाथाएँ […]

विश्व मैत्री दिवस का मायाजाल और श्री रामचरितमानस में निहित मित्रधर्म का सन्देश

श्री रामचरितमानस, किष्किन्धाकाण्ड के आलोक में 30 जुलाई तथाकथित विश्व मैत्री दिवस तदनुसार अगस्त माह के प्रथम रविवार, भारत 3 अगस्त “राष्ट्रीय मैत्री दिवस” मनाई […]

सनातन में नागों की उपासना का वैज्ञानिक, आध्यात्मिक और जनजातीय वृतांत

सनातन में नागपंचमी हिंदुत्व के एकत्व का प्रतीक है। हिन्दू धर्म , ‘आत्मवत् सर्वभूतेषु’ और ‘ सर्वे खल्विदं ब्रह्म’ के आलोक में पशु – पक्षी, […]

संस्कृति, श्रद्धा और सौंदर्य का अद्भुत संगम : हरियाली तीज

वनवासी कल्याण आश्रम में महिलाओं ने मनाया हर्षोल्लास से हरियाली तीज का पर्व जबलपुर। सावन की भीगी बयार और हरियाली की छांव में जब नारियों […]

गुरु पूर्णिमा: जब एक ध्वज बना करोड़ों राष्ट्रभक्तों का ‘गुरु’

गुरु-शिष्य परंपरा भारत की सांस्कृतिक आत्मा रही है। आषाढ़ की पूर्णिमा, जिसे हम गुरु पूर्णिमा कहते हैं, इस परंपरा का उत्सव है- एक ऐसा पर्व, […]

आदि गुरु महादेव ने दिया सप्त ऋषियों को ज्ञान, वेद व्यास ने किया संकलन और प्रसूत हुई भारत की अलौकिक गुरु शिष्य- परंपरा : संस्कारधानी बनी शिक्षाधानी

“ॐ ग्रां ग्रीं ग्रौं स: गुरुवे नम:” गुरु पूर्णिमा के दिन आदि गुरु महादेव ने सप्त ऋषियों को दिव्य ज्ञान दिया और सप्त ऋषियों ने […]