जबलपुर। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के शताब्दी वर्ष के उपलक्ष्य में महानगर के आयुध भाग में प्रमुख जनगोष्ठी का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता के पूजन एवं “वंदे मातरम्” के सामूहिक गायन के साथ हुआ, जिससे वातावरण राष्ट्रभक्ति से ओतप्रोत हो गया।
यह गोष्ठी जे.के. सेलिब्रेशन सदर सभागार में आयोजित की गई, जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में ब्रह्मकुमारी सेवा केंद्र की प्रमुख संचालिका बी.के. विमला दीदी उपस्थित रहीं। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के मध्य क्षेत्र सह बौद्धिक शिक्षण प्रमुख श्री हितानंद जी शर्मा रहे। इस अवसर पर माननीय विभाग संघचालक कैलाश जी गुप्ता एवं आयुध भाग संघचालक वीरेंद्र सिंह भी मंचासीन रहे।
मुख्य वक्ता ने अपने उद्बोधन में भारतीय संस्कृति, पंच परिवर्तन, राष्ट्र निर्माण एवं सांस्कृतिक जागरूकता जैसे विषयों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने संघ की मूल विचारधारा—सेवा और संस्कार—को समाज के प्रत्येक वर्ग तक बिना किसी भेदभाव के पहुंचाने पर विशेष जोर दिया।
कार्यक्रम के दौरान सामाजिक समरसता, पर्यावरण संरक्षण, स्वदेशी, कुटुंब प्रबोधन एवं नागरिक कर्तव्यों जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर भी गहन चर्चा की गई। उपस्थित प्रमुख जनों ने पत्रक के माध्यम से अपने प्रश्न रखे, जिनका उत्तर मुख्य वक्ता ने विस्तारपूर्वक दिया।
मुख्य वक्ता ने स्पष्ट किया कि संघ का उद्देश्य भारत को एक सशक्त, अनुशासित एवं संगठित राष्ट्र के रूप में स्थापित करना है, जो विश्व को नई दिशा देने में सक्षम हो। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिकों की उपस्थिति ने इसे सफल एवं प्रभावशाली बनाया।
